<p style=”text-align: justify;”><strong>Printer Buying Tips: </strong>आज का दौर भले ही कितना ही डिजिटल हो गया हो लेकिन आज भी प्रिंटर की जरूरत तो हर घर में होती है. कभी बच्चों के स्कूल के प्रोजेक्ट्स होते हैं, कभी ऑफिस के जरूरी डॉक्यूमेंट्स तो कभी कोई सरकारी फॉर्म प्रिंट निकालना होता है. इनको बाहर से प्रिंट करवाओ तो आने-जाने का झंझट और एक्सट्रा पैसे देने पड़ जाते हैं. इसलिए अब ज्यादातर लोग घर पर ही अपना खुद का प्रिंटर रखना पसंद कर रहे हैं. </p>
<p style=”text-align: justify;”>लेकिन जब हम प्रिंटर खरीदने जाते हैं. तो वहां इतने सारे मॉडल्स देखकर कन्फ्यूजन हो जाती है. अक्सर लोग सिर्फ कम कीमत देखकर सस्ता प्रिंटर खरीद लेते हैं. लेकिन कुछ ही महीनों बाद उसकी इंक और मेंटेनेंस का खर्च परेशान करने लगा जाता है. कई बार सस्ता प्रिंटर लेने के चक्कर में हर एक पेज की छपाई बाजार से भी महंगी पड़ने लगती है. अगर आप भी अपने घर या छोटे ऑफिस के लिए नया प्रिंटर खरीदने का प्लान बना रहे हैं. तो खरीदने से पहले यह तीन बातें जरूर चेक कर लें.</p>
<h3 style=”text-align: justify;”><strong>इंकजेट, इंक टैंक या लेजर सही टेक्नोलॉजी कौनसी?</strong></h3>
<p style=”text-align: justify;”>प्रिंटर खरीदते समय सबसे पहली और बड़ी गलती लोग उसकी टेक्नोलॉजी चुनने में करते हैं. मार्केट में तीन तरह के प्रिंटर मिलते हैं- कार्ट्रिज वाले इंकजेट, रिफिल होने वाले इंक टैंक और टोनर वाले लेजर प्रिंटर. अगर आपको महीने में सिर्फ 10-15 पेज ही प्रिंट करने होते हैं तो सस्ता कार्ट्रिज वाला इंकजेट प्रिंटर ठीक लग सकता है. लेकिन इसकी कार्ट्रिज बहुत जल्दी खत्म होती है और काफी महंगी आती है. इसके अलावा कई दिनों तक इस्तेमाल न करने पर इसकी इंक सूखने की भी दिक्कत रहती है. </p>
<p style=”text-align: justify;”>वहीं अगर घर में बच्चों के स्कूल प्रोजेक्ट्स के लिए कलर और ब्लैक एंड व्हाइट दोनों तरह के खूब सारे प्रिंट निकालने पड़ते हैं तो इंक टैंक टेक्नोलॉजी वाला प्रिंटर सबसे बेस्ट रहता है. इसमें इंक की बोतलें सस्ती आती हैं और एक बार रिफिल करने पर हजारों पेज आसानी से छप जाते हैं. दूसरी तरफ अगर आपका काम सिर्फ तेजी से ब्लैक एंड व्हाइट डॉक्यूमेंट्स प्रिंट करने का है तो लेजर प्रिंटर सबसे किफायती साबित होता है.</p>
<p style=”text-align: justify;”><br /><img src=”https://feeds.abplive.com/onecms/images/uploaded-images/2026/10/31/0a1e2faa90dfaad237aebd45bc323a2b1793452198036907_original.jpg” /></p>
<h3 style=”text-align: justify;”><strong>Wi-Fi और मोबाइल प्रिंटिंग फीचर देखें</strong></h3>
<p style=”text-align: justify;”>पुराने जमाने के प्रिंटर इस्तेमाल करने के लिए उन्हें हमेशा तार के जरिए लैपटॉप या कंप्यूटर से जोड़कर रखना पड़ता था. लेकिन आज की टेक्नोलॉजी के दौर में बिना वायरलेस कनेक्टिविटी वाला प्रिंटर खरीदना सही नहीं है. आजकल हम अपने ज्यादातर डॉक्यूमेंट्स, PDF और फोटोज कंप्यूटर के बजाय सीधे स्मार्टफोन के व्हाट्सएप या ईमेल पर रिसीव करते हैं. इसलिए नया प्रिंटर खरीदते समय यह जरूर चेक करें कि उसमें इन-बिल्ट Wi-Fi, Wi-Fi डायरेक्ट और क्लाउड प्रिंटिंग का सपोर्ट दिया गया हो. </p>
<p style=”text-align: justify;”>इस फीचर की मदद से आपको हर बार लैपटॉप ऑन करने या पेनड्राइव लगाने की झंझट नहीं रहेगी. आप अपने फोन में प्रिंटर कंपनी का मोबाइल ऐप डाउनलोड करके घर के किसी भी कोने से बैठकर एक क्लिक में सीधे फोन से प्रिंट कमांड दे सकते हैं. यहां तक कि अगर आपके घर में Wi-Fi राउटर नहीं भी है तब भी Wi-Fi डायरेक्ट फीचर के जरिए आपका फोन सीधे प्रिंटर से कनेक्ट होकर बिना इंटरनेट के प्रिंट निकाल सकता है.</p>
<p style=”text-align: justify;”><br /><img src=”https://feeds.abplive.com/onecms/images/uploaded-images/2026/10/31/6f5353671d36dc1a05fa2d2ec7cd25b61793452214981907_original.jpg” /></p>
<h3 style=”text-align: justify;”><strong>ऑल-इन-वन फंक्शन और ऑटो डुप्लेक्स फीचर चेक करें</strong></h3>
<p style=”text-align: justify;”>प्रिंटर चुनते वक्त सिर्फ उसकी शुरुआती कीमत देखने के बजाय उसके रनिंग कॉस्ट यानी प्रति पेज आने वाले खर्च को चेक करना बेहद जरूरी है. खरीदने से पहले यह जरूर पता करें कि उस मॉडल की ओरिजिनल इंक बॉटल या टोनर कितने रुपये का आता है और उससे कुल कितने पेज प्रिंट हो सकते हैं. इसके साथ ही सिंगल फंक्शन प्रिंटर लेने के बजाय ऑल-इन-वन प्रिंटर चुनना हमेशा फायदेमंद रहता है. </p>
<p style=”text-align: justify;”>इसमें प्रिंटिंग के साथ-साथ डॉक्यूमेंट स्कैन करने और फोटोकॉपी निकालने की सुविधा भी एक ही मशीन में मिल जाती है. जिससे घर पर ही आधार या पैन कार्ड की कॉपी तुरंत निकाली जा सकती है. एक और बेहद काम का टेक्निकल फीचर ऑटो डुप्लेक्स प्रिंटिंग है. जिन प्रिंटर्स में यह फीचर होता है वे कागज के दोनों तरफ अपने आप प्रिंट कर देते हैं और आपको हाथ से बार-बार पन्ना पलटकर लगाने की जरूरत नहीं पड़ती. इससे न सिर्फ आपका समय बचता है बल्कि कागज की भी आधी बचत होती है.</p>